नई दिल्ली। किंग्स इलेवन पंजाब
के तेज गेंदबाज एस श्री संत को थप्पड़ जड़ने के मामले में मुंबई इंडियंस के ऑफ स्पिनर
हरभजन सिंह को दोषी करार देते हुए आईपीएल की अनुशासनात्मक समिति ने उन्हे 11 आईपीएल
मैचों के लिए प्रतिबंधित कर दिया है। इस पाबंदी के कारण हरभजन ट्वंटी 20 टूर्नामेंट
के इस सत्र के शेष बचे मैचों में नहीं खेल पाएंगे।
हरभजन को आईसीसी आचार संहिता की धारा 4.2 का दोषी पाया गया जिसके तहत कम से कम 10
मैचों का प्रतिबंध और अधिकतम आजीवन प्रतिबंध का प्रावधान है। हरभजन को आईपीएल के
बाकी मैचों की मैच फीस भी नहीं मिलेगी। इसके साथ ही मुंबई इंडियंस के कोच लालचंद
राजपूत को भी कसूरवार मानते हुए उन पर मैच फीस का 50 फीदसी जुर्माना किया गया है।
आईपीएल कमीश्नर ललित मोदी ने एक बयान में कहा कि राजपूत ने वहां उपस्थित होने के
बावजूद हरभजन को रोकने की कोशिश नहीं की जिस कारण उन पर यह जुर्माना लगाया गया है।
श्री संत को भी आगे अपने बर्ताव को संयमित रखने की चेतावनी दी गई है।
यह सुनवाई आईपीएल के मैच रेफरी फारूख इंजीनियर की अध्यक्षता में हुई। हरभजन ने
सुनवाई के दौरान अपनी गलती स्वीकार कर ली थी। उन्होंने 25 अप्रैल को किंग्स इलेवन
के खिलाफ हुए मैच के बाद श्री संत को तमाचा जड़ा था जिसके बाद केरल का यह तेज
गेंदबाज बीच मैदान पर फूट-फूट कर रोता हुआ पाया गया था।
आईपीएल अनुशासनात्मक समिति की सुनवाई के अलावा भारतीय क्रिकेट बोर्ड ने इस मामले पर
अलग से संज्ञान लेते हुए मामले की जांच के लिए वकील सुधीर नानावटी की अध्यक्षता में
एक समिति का गठन किया है। समिति 15 दिनों के अंदर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।